कॉमरेड स्वदेश भट्टाचार्य 'शम्भूजी' का निधन

वे 28 जुलाई 1974 को पुनर्गठित भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी-लेनिनवादी) लिबरेशन की केंद्रीय कमेटी के अंतिम जीवित सदस्य थे। वे 84 वर्ष के थे।

पार्टी कॉमरेड स्वदेश भट्टाचार्य को लाल सलाम पेश करते हुए अपना लाल झंडा झुकाती है

30 अक्टूबर 2026.

भाकपा(माले) लिबरेशन की पोलित ब्यूरो के सदस्य और पुर्नगठित पार्टी के संस्थापक नेता कॉमरेड स्वदेश भट्टाचार्य हमारे बीच नहीं रहे। आज देर शाम पटना के एक अस्पताल में उनका निधन हो गया। उनका कैंसर का इलाज चल रहा था।

वे 28 जुलाई 1974 को पुनर्गठित भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी-लेनिनवादी) लिबरेशन की केंद्रीय कमेटी के अंतिम जीवित सदस्य थे। वे 84 वर्ष के थे।

उनका निधन पार्टी और क्रांतिकारी आंदोलन के लिए एक अपूरणीय क्षति है। पार्टी कॉमरेड स्वदेश भट्टाचार्य को लाल सलाम पेश करते हुए अपना लाल झंडा झुकाती है और उनके अधूरे मिशन को पूरी निष्ठा और ऊर्जा के साथ आगे बढ़ाने का संकल्प लेती है।

उनकी अंतिम यात्रा 2 नवम्बर को पटना में होगी। 

— केंद्रीय कमेटी, भाकपा(माले) लिबरेशन

31 October, 2026